Friday, 2 October 2015

सुन्दर सोच विचार हो,

सुन्दर सोच विचार हो,
कोमल सबका व्यवहार हो,
वाणी में शुद्धता हो,
ह्रदय में दया का भाव हो,
प्रेम का भंडार हो,
खुशियों का संसार हो,
सुन्दर सोच विचार हो,

सूर्य की तेज प्रकाश हो,
हर बेला एक नया प्रभात हो,
मुस्कराते रहो सदा और,
गमो का तिरस्कार करो,
सुन्दर सोच विचार हो।

तेज साहू।
८१२०५५१८२०.

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